EN اردو
खेल का नतीजा | शाही शायरी
khel ka natija

नज़्म

खेल का नतीजा

शहरयार

;

क्यूँ मलाल है इतना
हार जीत में तुम को

फ़र्क़ क्यूँ नज़र आया
खेल का नतीजा तो

खेलने की लज़्ज़त है
जो तुम्हारे हिस्से में

और लोगों की निस्बत
कुछ ज़ियादा आई है

फिर मलाल कैसा है