रम और जिन की ख़ाली बोतलो
अख़बारों में छपे हुए बे-मसरफ़ लफ़ज़ो
इस्टर-पेटीज़-कलब के फटे पुराने टकटो
कोट के कॉलर के अफ़्सुर्दा तन्हा फूलो
टैब रिकॉर्ड में सहमे सहगल के नग़्मो
दोस्तियों और दुश्मनियों के ज़िंदा लम्हो
काँपते होंटों पर कुम्हलाते, मोनीका के आख़िरी बोसो
घेरा डाल के मेरे गिर्द खड़े हो जाओ
नाचो गाओ शोर मचाओ
और मिरे सीने पर थक कर सो जाओ
नज़्म
पार्टी
साक़ी फ़ारुक़ी

